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Friday, 10 October 2008

नारी की आवाज़ तेज? अरे! यही उन्हें ज्यादा आकर्षक बनाती है।

एक नए शोध में खुलासा हुआ है कि अपने मासिक चक्र के दौरान महिलाओं का स्वर तब तेज हो जाता है जब वह अधिक प्रजननशील होती हैं और यही उन्हें ज्यादा आकर्षक बनाता है। शोधकर्ताओं ने पता लगाया है कि प्रजननशीलता के साथ महिलाओं की आवाज कम या ज्यादा हो जाती है।

असल में, महिलाओं की आवाज अंडोत्सर्ग के एक या दो दिन पहले तेज हो जाती है। इन्हीं दिनों में उनके गर्भधारण की संभावनाएं सबसे ज्यादा होती हैं। शोधकर्ताओं के अनुसार यह पहला खुलासा है जब आवाज और प्रजननशीलता के बीच संबंधों का पता चला है। इससे इस विचार को समर्थन मिलता है कि मनुष्यों में भी प्रजननशीलता के बाहरी संकेत पशु-पक्षियों की ही तरह दिखाई देते हैं।

शीर्ष शोधकर्ता डा. ग्रेग ब्रायंट ने कहा, हमारा अध्ययन दर्शाता है कि प्रजननशीलता के अनुसार महिलाओं के स्वर में परिवर्तन आता है। वे अंडोत्सर्ग के जितने नजदीक होती हैं, उनका स्वर उतना बढ़ जाता है। हम यह कह रहे हैं कि स्वर तेज होने से उनकी प्रजननशीलता बढ़ जाती है और उनमें आकर्षण बढ़ जाता है। डा. ब्रायंट और कैलिफोर्निया विश्वविघालय के उनके सहयोगी 69 महिलाओं की आवाज के विश्लेषण के बाद इस नतीजे पर पहुंचे।

कुछ अधिक जानकारी यहाँ मिलेगी.

Friday, 28 March 2008

घर-परिवार की परिभाषा बदली, अविवाहित महिलाओं ने

आर्थिक रूप से स्वतंत्र महिलाएं आमतौर पर देर से विवाह करने की इच्छा रखती है लेकिन आस्ट्रेलियाई समाज में हो रहे बदलाव दिखाते है कि अविवाहित महिलाओं ने घर और रिश्तों की परिभाषा को ही बदल दिया है। 'पैसिफिक माइक्रोमार्केटिंग' नामक अनुसंधान संस्था के अनुसार ज्यादा से ज्यादा महिलाएं जीवन भर अविवाहित रहने का फैसला कर रही है। ऐसे में बाजार और सरकार दोनों को यह स्वीकार करना होगा कि घर का मतलब अब पति-पत्‍‌नी और बच्चे नहीं रह गया है।

समाचार एजेंसी डीपीए ने जनसंख्या विशेषज्ञों द्वारा उपलब्ध करवाए गए आंकड़ों के हवाले से बताया कि आस्ट्रेलिया की 51 फीसदी महिलाएं अविवाहित है और एक-चौथाई से ज्यादा महिलाएं कभी गर्भधारण न करने का फैसला कर चुकी हैं। शोधकर्ता बॉब बिरैल के अनुसार, 'नए दौर की महिलाएं चाहती है कि वह ऐसे पुरुष के साथ रहे जो रिश्ता निभाने के लिए समझौते करने को भी तैयार हो।' यह मनोवृत्ति महिलाओं को एकल जीवन व्यतीत करने के लिए प्रेरित करती है और पुरुषों के लिए परेशानी का सबब बनती है।